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title: "घर की याद"
board: "CBSE"
curriculum: "CBSE"
class: "Class 11"
subject: "Hindi"
book: "Aroh"
chapter: "घर की याद"
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source: "Edzy"
version: 1
last_updated: "2026-06-20"
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# घर की याद

भवानी प्रसाद मिश्र की कविता "घर की याद" में घर के मर्म का उद्घाटन किया गया है, जिसमें कवि को जेल-प्रवास के दौरान घर से विस्थापन की पीड़ा अनुभव होती है।

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## Knowledge Snapshot

| Field | Details |
| :--- | :--- |
| Class | Class 11 |
| Subject | Hindi |
| Book | Aroh |
| Chapter | घर की याद |
| Pages | 117-123 |

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## Chapter Summary

### Short Summary
"घर की याद" कविता में घर की अवधारणा और इसकी भावनात्मक गहराई को प्रस्तुत किया गया है।

### Detailed Summary
"घर की याद" में कवि के स्मृति-संसार में उसके परिजनों का उल्लेख करते हुए घर के प्रति उसके अनूठे लगाव का चित्रण किया गया है। जेल में बिताए गए समय के दौरान उसकी विस्थापन की पीड़ा तो अवश्‍य ही सम्मिलित होती है, जिससे घर के प्रति उसका प्रेम और भी गहरा हो जाता है।

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## Topic-Wise Explanation

### घर के प्रतीक और अर्थ
यह कविता घर के विभिन्न प्रतीकों और उनके अर्थ को उजागर करती है। घर केवल एक भौतिक स्थान नहीं, बल्कि संवेदनाओं का केन्द्र है।

### परिवार के सदस्यों का भावनात्मक जुड़ाव
कवि की स्मृतियों में परिवार के प्रत्येक सदस्य का एक महत्वपूर्ण स्थान है, जो घर की यादों को जीवित रखते हैं।

### माँ की भूमिका
माँ के प्रति कवि की गहरी भावनाएँ हैं, जो परिवार की नींव का प्रतीक मानी जाती हैं।

### पिता का प्रभाव
पिता की शिक्षाएँ और उनके मूल्यों का घर की यादों में महत्वपूर्ण योगदान होता है।

### जेल के अनुभव
कवि के जेल में बिताए गए समय के अनुभव उसके घर के प्रति आकर्षण को और बढ़ाते हैं।

### विस्थापन की पीड़ा
जेल के समय में घर से दूर रहना कवि के लिए एक पीड़ादायक अनुभव है, जो इस कविता का केंद्रीय विषय है।

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## Core Ideas

| Idea | Explanation |
| :--- | :--- |
| घर का मर्म | घर की यादें और संवेदनाएँ महत्वपूर्ण हैं, जिनका जीवन में गहरा प्रभाव होता है। |

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## Important Points for Revision

* भवानी प्रसाद मिश्र का जन्म 1913 में हुआ।
* उन्होंने गांधीवाद पर आधारित साहित्य का लेखन किया।
* कविता में घर के प्रतीक और उसके सामाजिक-भावनात्मक अर्थ को समझाया गया है।
* कवि के जेल अनुभव को घर की यादों के साथ जोड़कर प्रस्तुत किया गया है।
* मिश्र जी की कविताओं की शैली बोल-चाल के निकट है।
* परिवार के सदस्यों का विवरण घर की यादों में प्रकट होता है।
* घर की अवधारणा पर भावनात्मक और मार्मिक दृष्टिकोण दिया गया है।
* कवि की कविताएँ सहजता और गहराई लिए हुए हैं।

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## Practice Questions

### Short Answer Questions
1. "घर की याद" कविता के मुख्य विषय क्या हैं?
2. भवानी प्रसाद मिश्र के लेखन की विशेषताएँ क्या हैं?
3. कवि को जेल में कौन-सी पीड़ा अनुभव होती है?
4. किस प्रकार कवि की माँ उसकी यादों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है?
5. पिता का घर की यादों पर क्या प्रभाव पड़ता है?

### Long Answer Questions
1. "घर की याद" में घर के प्रतीकों और उनकी भावनात्मक गहराई को कैसे दर्शाया गया है?
2. भवानी प्रसाद मिश्र की कविता का गांधीवाद से क्या संबंध है?
3. इस कविता में कवि के परिवार के सदस्यों का महत्व क्या है?
4. कवि के जेल अनुभव को घर की यादों से कैसे जोड़ा गया है?
5. भगवान प्रसाद मिश्र की लेखन शैली का विश्लेषण करें।

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## Source Attribution

| Field | Value |
| :--- | :--- |
| Source | Edzy |
| Reference Type | examSubjectBookChapter |
| Reference ID | 6a17d6dcce2396591796deae |
| Canonical URL | https://www.edzy.ai/cbse-class-11-hindi-aroh-ghr-kee-yad |
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