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title: "प्रजानुरञ्जको नृपः"
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chapter: "प्रजानुरञ्जको नृपः"
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last_updated: "2026-06-20"
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# प्रजानुरञ्जको नृपः

यह पाठ महाकवि कालिदास द्वारा रचित रघुवंश के प्रथम सर्ग से लिया गया है। इसमें कालिदास रघुकुल के राजाओं के गुणों का वर्णन कर शासकों के आदर्श गुणों की चर्चा करते हैं। राजा का मुख्य धर्म प्रजा का अनुरञ्जन करना है।

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## Knowledge Snapshot

| Field | Details |
| :--- | :--- |
| Class | Class 12 |
| Subject | Sanskrit |
| Book | Bhaswati |
| Chapter | प्रजानुरञ्जको नृपः |
| Pages | 19-25 |

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## Chapter Summary

### Short Summary
राजा का मुख्य धर्म प्रजा का कल्याण और अनुरञ्जन करना है।

### Detailed Summary
कालिदास रघुकुल के राजाओं के गुणों का वर्णन करते हुए बताते हैं कि कैसे राजा प्रजा के कल्याण के लिए कर एकत्र करता है और आपत्ति के समय सहायता करता है। राजा को विद्या, सत्यता, इन्द्रिय निग्रह, और प्रजापालन के गुण होने आवश्यक हैं। ये गुण ही उसे चिरकालिक सत्ता में रखते हैं। कालिदास यह संदेश भी देते हैं कि प्रजापालन और अनुरञ्जन हर शासक का मुख्य धर्म होना चाहिए।

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## Topic-Wise Explanation

### राजा के गुण
राजा को विद्वान्, सत्यवादी, इन्द्रियनिग्रही और प्रजापालक होना चाहिए।

### प्रजा का कल्याण
राजा का मुख्य धर्म प्रजा का कल्याण सुनिश्चित करना है।

### कर-ग्रहण का उद्देश्य
कर एकत्र करना प्रजा के कल्याण के लिए और आपत्ति में सहायता करना है।

### रघुवंशी राजाओं की विशेषताएँ
रघुवंशी राजाओं के गुणों का वर्णन और उन गुणों का महत्व।

### विद्वान् एवं सत्यवादी
राजा को विद्वानों के समकक्ष होना चाहिए।

### कालिदास का आदर्श
कालिदास ने इन आदर्शों को प्रस्तुत करके शासकों को निर्देशित किया है।

### प्रजापालन का महत्व
प्रजापालन और अनुरञ्जन को शासक का प्रमुख धर्म माना गया है।

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## Core Ideas

| Idea | Explanation |
| :--- | :--- |
| प्रजापालन | प्रजा का कल्याण सभी शासकों की प्राथमिकता होनी चाहिए। |

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## Key Concepts

| Concept | Meaning |
| :--- | :--- |
| रघुवंश | काव्य में वर्णित आदर्श शासक का वंश। |

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## Important Points for Revision

* राजा का धर्म प्रजा का अनुरञ्जन करना है।
* राजा कर द्वारा प्रजा के लिए कोष एकत्र करता है।
* राजा को विद्वान्, सत्यवादी, और इन्द्रियनिग्रही होना चाहिए।
* रघुवंशी राजाओं के गुणों का महत्व।
* प्रजापालन के सिद्धांत की व्याख्या।
* कालिदास ने विश्व के शासकों को आदर्श प्रस्तुत किया है।
* शासकों को प्रजा से प्रेम करना चाहिए।
* प्रजा के कल्याण और सुख की प्राथमिकता होनी चाहिए।

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## Practice Questions

### Short Answer Questions
1. राजा का मुख्य धर्म क्या है?
2. रघुवंशी राजाओं में कौन-कौन से गुण होने चाहिए?
3. कर-ग्रहण का क्या उद्देश्य है?
4. कालिदास ने शासकों के लिए क्या आदर्श प्रस्तुत किया है?
5. प्रजापालन के महत्व को समझाइए।

### Long Answer Questions
1. रघुकुल के राजाओं के गुणों का संक्षिप्त विवेचन करें।
2. राजा द्वारा प्रजा के कल्याण के लिए किए गए कार्यों का विवरण दें।
3. कालिदास के विचारों के अनुसार एक आदर्श राजा के गुण क्या होना चाहिए?
4. प्रजापालन के सिद्धांत का सन्देश क्या है?

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## Source Attribution

| Field | Value |
| :--- | :--- |
| Source | Edzy |
| Reference Type | examSubjectBookChapter |
| Reference ID | 6a17ecb28148f9512f8bbd0a |
| Canonical URL | https://www.edzy.ai/cbse-class-12-sanskrit-bhaswati-prjanurnyjko-np |
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