Gidhada Gudkavan
NCERT Class 7 Physical Education and Well Being Chapter 4: Gidhada Gudkavan (Pages 17–18)
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Summary of Gidhada Gudkavan
Gidhada Gudkavan at a Glance
CBSE
Class 7
Physical Education and Well Being
Khel Yatra
4
17–18
6 study resources
Gidhada Gudkavan Summary
गिधादा गुड्कावन एक पारंपरिक भारतीय खेल है, जो गाँवों में बहुत लोकप्रिय है। यह खेल एक चिड़िया, जिसे गिधादा कहा जाता है, और मुर्गियों के बीच की दौड़ को दर्शाता है। इस खेल का मुख्य उद्देश्य बच्चों को सक्रिय रखना, agility यानी फुर्ती बढ़ाना और टीमवर्क को प्रमोट करना है। इस खेल के लिए, एक छात्र को गिधादा और बाकी छात्रों को गुड्कावन के रूप में चुना जाता है। गुड्कावन के लिए सभी बच्चे एक लाइन में अपने 'माँ मुर्गी' के पीछे खड़े होते हैं। गिधादा का उद्देश्य गुड्कावन को टैग करना है, जो अपने शिकार को पकड़ने के समान है। माँ मुर्गी का काम गुड्कावन को सुरक्षित रखना है। खेल तब होता है जब गिधादा आखिरी गुड्कावन को टैग करने की कोशिश करता है, जबकि माँ मुर्गी अपने बच्चों को गिधादा से बचाने का प्रयास करती है। सभी गुड्कावन आपस में कमर के पास हाथ पकड़े रहते हैं। खेल तब तक चलता है जब सभी गुड्कावन टैग नहीं हो जाते या गिधादा हार नहीं मान लेता। अगर कोई गुड्कावन टैग हो जाता है, तो वह खेल से बाहर हो जाता है। आखिरी बचे हुए गुड्कावन को अगला गिधादा बनाया जाता है। इस खेल के दौरान छात्रों को तेजी से चलने, ध्यान केंद्रित करने, और टैग होने से बचने के लिए रणनीति पर काम करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है। टीम के रूप में जीतना व्यक्तिगत निर्यात के लक्ष्यों से महत्वपूर्ण होता है। कक्षा में, छात्र चर्चा कर सकते हैं कि कैसे उन्होंने आखिरी गुड्कावन को गिधादा से बचाने का प्रयास किया, और विभिन्न जेंडर और क्षमताओं वाले छात्रों के बीच प्रभावी तरीके से काम करने के बारे में चर्चा कर सकते हैं। इस खेल में जीते रहना सिर्फ व्यक्तिगत क्षमताओं के लिए नहीं, बल्कि सामूहिक सफलता के लिए महत्वपूर्ण है। इस खेल की ऊर्जा और जोश बच्चों में न सिर्फ शारीरिक स्वास्थ्य को बढाता है, बल्कि उनके सामाजिक कौशल को भी विकसित करता है।
